
हॉर्मुज जलडमरूमध्य में व्यापारी जहाजों पर हुए हमलों के बाद केंद्र सरकार ने भारतीय नाविकों की सुरक्षा के लिए नई निगरानी व्यवस्था शुरू करने की घोषणा की है। ‘Seafarer-First’ पहल के तहत अब फारस की खाड़ी, हॉर्मुज जलडमरूमध्य और ओमान की खाड़ी में मौजूद सभी भारतीय नाविकों का रिकॉर्ड रखा जाएगा।
केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने DGS को निर्देश दिया है कि वह ऐसा रियल टाइम डैशबोर्ड तैयार करे जिसमें हर जहाज की स्थिति, चालक दल, कार्गो, संभावित खतरे और यात्रा से जुड़ी जानकारी उपलब्ध रहे।
यह फैसला उस हमले के बाद लिया गया है जिसमें भारतीय नाविक रोहन कुमार की मौत हुई और कई अन्य भारतीय घायल हुए। सरकार ने प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता देने का आश्वासन भी दिया है।

