दिल्ली में शुरू हुआ तीसरा चाणक्य रक्षा संवाद 2025, राष्ट्रपति मुर्मू मुख्य अतिथि; आज से ओडिशा-यूपी दौरा

भारत ने आज एक बार फिर यह संदेश दिया है कि रक्षा और रणनीतिक मामलों में वह वैश्विक स्तर पर निर्णायक भूमिका निभाने के लिए तैयार है। दिल्ली में 27 नवंबर 2025 से शुरू हुए ‘चाणक्य रक्षा संवाद 2025’ का उद्घाटन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने किया। यह संवाद भारतीय रणनीति, राष्ट्रीय सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय रक्षा सहयोग पर चर्चा के लिए सबसे प्रभावशाली प्लेटफॉर्मों में से एक माना जाता है।
कार्यक्रम में कई महत्वपूर्ण थीम — जैसे आधुनिक युद्ध प्रणाली, दक्षिण एशियाई क्षेत्र में सुरक्षा संतुलन, बढ़ते साइबर खतरे, वैश्विक भू-राजनीतिक बदलाव और भारत की रक्षा नीति की दिशा — पर विशेषज्ञ पैनलों द्वारा विचार-विमर्श किया गया। राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में बताया कि भारत आज रक्षा अनुसंधान, तकनीक और सैन्य तैयारियों में विश्व के अग्रणी देशों की श्रेणी में स्थान बना रहा है।
उद्घाटन कार्यक्रम के तुरंत बाद राष्ट्रपति मुर्मू भारत के दो महत्वपूर्ण राज्यों — ओडिशा और उत्तर प्रदेश — के दो दिवसीय दौरे पर भी रवाना हुईं। ओडिशा में उनके कार्यक्रम आदिवासी कल्याण, महिला सशक्तिकरण और क्षेत्रीय विकास के इर्द-गिर्द केंद्रित होंगे। वहीं उत्तर प्रदेश में राष्ट्रपति विकास योजनाओं के निरीक्षण और विभिन्न सार्वजनिक कार्यक्रमों में भाग लेंगी।




